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रोशनी का गुब्बारा (Motivational Story in hindi)

      रोशनी का गुब्बारा


        एक छोटी सी लड़की थी उसे अंधेरे से बहुत डर लगता था। वह हर रात रोती थी और अपने माता-पिता से कहती थी कि मुझे अंधेरे से बहुत डर लगता है। उसके माता-पिता ने उसे समझाया कि अंधेरे से कुछ नहीं होता तुम्हे नही डरना चाहिए, लेकिन वह नहीं मानी।


                   एक दिन, लड़की की माँ ने उसे एक कहानी सुनाई। कहानी में एक नन्ही सी परी थी जो अंधेरे से बहुत डरती थी। परी ने अपने डर को दूर करने के लिए एक रोशनी का गुब्बारा बनाया। वह गुब्बारे को अपने साथ ले जाती थी और जब भी वह अंधेरे से डरती थी, तो वह गुब्बारे को जलाकर रोशनी करती थी।


                        लड़की को कहानी बहुत अच्छी लगी। उसने भी एक रोशनी का गुब्बारा बनाना चाहा। उसने अपनी माँ से मदद मांगी और उन्होंने उसे एक गुब्बारा बनाना सिखाया। उस रात, लड़की ने अपने गुब्बारे को अपने साथ लेकर सोई।

जब वह अंधेरे से डरने लगी, तो उसने गुब्बारे को जलाकर रोशनी की। अब वह अंधेरे से नहीं डरती थी।

इस कहानी की सीख :-
                                  यह कहानी हमें सिखाती है कि डर को दूर करने के लिए हमें प्रकाश की आवश्यकता होती है। प्रकाश हमें आशा और सुरक्षा देता है। जब भी हम डरते हैं, तो हमें अपने आस-पास रोशनी खोजने की कोशिश करनी चाहिए

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