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आखिरी खत ( प्रेरणादायक कहानी )



आखिरी खत


        राहुल और सीमा बचपन से ही बहुत अच्छे दोस्त थे। दोनों एक ही स्कूल में पढ़ते थे और साथ में खेलते थे। समय बीतता गया और दोनों बड़े हो गए। कॉलेज की पढ़ाई खत्म होने के बाद राहुल को एक बड़ी कंपनी में नौकरी मिल गई और सीमा ने अपने पापा के कारोबार में हाथ बंटाना शुरू कर दिया।

राहुल अपनी नौकरी के सिलसिले में अक्सर बाहर रहता था। लेकिन हर साल दीवाली पर वह अपने घर आता था और अपने दोस्तों से मिलता था। इस बार दीवाली पर जब राहुल घर आया तो उसने सुना कि सीमा की तबीयत बहुत खराब है। उसे कैंसर हो गया था और उसकी हालत बहुत नाजुक थी।
राहुल बिना देर किए सीमा के घर पहुंचा। सीमा बिस्तर पर लेटी हुई थी और बहुत कमजोर दिख रही थी। उसने राहुल को देखकर मुस्कुराने की कोशिश की। राहुल की आंखों में आंसू आ गए। उसने सीमा का हाथ पकड़ा और बोला, "सीमा, तुम जल्दी ठीक हो जाओगी। हम फिर से वैसे ही मस्ती करेंगे जैसे बचपन में किया करते थे।"

सीमा ने हल्की सी मुस्कान दी और कहा, "राहुल, मुझे पता है कि मेरा वक्त अब कम है। लेकिन मैं तुमसे एक आखिरी बात कहना चाहती हूं।" राहुल ने उसे ध्यान से सुना। सीमा ने अपनी आखिरी चिट्ठी राहुल को थमाई और कहा, "इसे तुम मेरे जाने के बाद पढ़ना।"

राहुल ने उस चिट्ठी को अपने दिल से लगा लिया और वादा किया कि वह इसे सीमा के जाने के बाद ही पढ़ेगा। कुछ ही दिनों बाद, सीमा इस दुनिया से चली गई। राहुल बहुत दुखी था, लेकिन उसने सीमा से किया हुआ वादा याद रखा।

सीमा के जाने के बाद, राहुल ने वह चिट्ठी खोली। उसमें लिखा था:

"प्रिय राहुल,

जब तुम यह चिट्ठी पढ़ रहे होगे, तब मैं इस दुनिया में नहीं रहूंगी। लेकिन मैं हमेशा तुम्हारे दिल में जिंदा रहूंगी। तुम्हारी दोस्ती ने मुझे हमेशा खुश रखा और मुझे जीने की ताकत दी। मुझे पता है कि तुम बहुत अच्छे इंसान हो और अपने काम में हमेशा सफल रहोगे।

मैं तुम्हें यह कहना चाहती थी कि मैंने हमेशा तुम्हें अपने सबसे अच्छे दोस्त से भी बढ़कर चाहा है। लेकिन कभी कह नहीं पाई। मुझे खुशी है कि मेरी आखिरी सांसें भी तुम्हारी यादों के साथ बीतीं।

तुम्हारी सीमा"

राहुल की आंखों से आंसू बहने लगे। उसने चिट्ठी को सीने से लगा लिया और अपने सबसे अच्छे दोस्त को याद करते हुए आसमान की ओर देखा। उस दिन राहुल ने खुद से वादा किया कि वह सीमा की यादों के साथ हमेशा जीएगा और उसकी इच्छाओं को पूरा करेगा। 

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